Monday, October 26, 2026
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लखनऊ स्थित बीकेटीसी के अधीनस्थ श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में योगी सरकार करेगी एक करोड़ की धनराशि खर्च

लखनऊ स्थित बीकेटीसी के अधीनस्थ श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में योगी सरकार करेगी एक करोड़ की धनराशि खर्च

श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में सहयोग देने के लिए बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया है

 

बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय का प्रयास रंग लाया लखनऊ स्थित बीकेटीसी के अधीनस्थ श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में योगी सरकार करेगी एक करोड़ की धनराशि खर्च

 

 

 

 

 

 

श्री बदरीनाथ – केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अधीन लखनऊ स्थित श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में योगी सरकार एक करोड़ की धनराशि खर्च करेगी। इस सन्दर्भ में उप्र पर्यटन द्वारा बीकेटीसी को पत्र प्रेषित किया गया है। श्री राधा कृष्ण मंदिर के विकास में सहयोग देने के लिए बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त किया है।

 

उल्लेखनीय है कि लखनऊ के अमीनाबाद में बीकेटीसी के स्वामित्व वाला एक प्राचीन राधा कृष्ण मंदिर और भवन इत्यादि हैं। वर्षों से इनकी समुचित देखरेख नहीं होने के कारण ये जीर्णशीर्ण स्थिति में पहुंच गए हैं। विगत वर्ष बीकेटीसी अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट कर इस संबंध में सहयोग का अनुरोध किया था। इस क्रम में अजेंद्र की उप्र के अपर मुख्य सचिव (पर्यटन) मुकेश मेश्राम से दूरभाष पर वार्ता भी हुयी थी।

 

बीकेटीसी अध्यक्ष के अनुरोध के क्रम में उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने लखनऊ स्थित बदरीनाथ मंदिर का भ्रमण किया और बीकेटीसी को पत्र लिख कर यात्री सुविधाओं के विकास के लिए एक करोड़ रूपये की धनराशि स्वीकृत होने की जानकारी दी है। उत्तर प्रदेश सरकार वहां पर यात्री सुविधाओं के दृष्टिगत यात्री हॉल व यात्री हॉल के प्रथम तल पर विश्राम गृह का निर्माण कराएगी। इसके अतिरिक्त यात्रियों के लिए टॉयलेट, पेयजल व बेंच इत्यादि की सुविधा भी उपलब्ध कराएगी।

 

निर्माण कार्यों के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने कार्यदायी संस्था उप्र राज्य पर्यटन विकास निगम लिमिटेड को बनाया है। उप्र पर्यटन द्वारा इन कार्यों का आंगणन तैयार करने से पूर्व बीकेटीसी से भू- स्वामित्व के अभिलेख, सहमति पत्र व अनापत्ति प्रमाण पत्र मांगा गया है।

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